यूपी में किसान नेता रोहित कुमार कनौजिया V/S ब्रजेश पाठक शंकराचार्य के अपमान पर छिड़ी जंग!

सत्ता के साझीदार हैं तो पाप से बच नहीं सकते उपमुख्यमंत्री: रोहित कुमार कनौजिया
लखनऊ/उत्तर प्रदेश | उत्तर प्रदेश की सियासत में इन दिनों बयानों के तीर तीखे होते जा रहे हैं। ताजा मामला उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और प्रखर किसान नेता रोहित कुमार कनौजिया के बीच छिड़ी जुबानी जंग का है। शंकराचार्य के अपमान को लेकर उपमुख्यमंत्री द्वारा दिए गए 'पाप' वाले बयान पर किसान नेता ने उन्हें आईना दिखाते हुए सीधे इस्तीफे की मांग कर दी है।
गौरतलब है कि बीते दिनों उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने एक बयान जारी कर कहा था कि "शंकराचार्य का अपमान करने वालों पर पाप पड़ेगा।" उनके इस बयान पर पलटवार करते हुए किसान नेता रोहित कुमार कनौजिया ने सख्त तेवर अपनाए। कनौजिया ने कहा कि केवल धर्म और पाप-पुण्य की दुहाई देकर उपमुख्यमंत्री अपनी संवैधानिक और नैतिक जिम्मेदारी से पल्ला नहीं झाड़ सकते।
"इस्तीफा देकर पेश करें मिसाल"
रोहित कुमार कनौजिया ने सीधे शब्दों में कहा, "यदि उपमुख्यमंत्री को शंकराचार्य का अपमान इतना ही विचलित कर रहा है और वे इसे पाप मानते हैं, तो उन्हें तत्काल अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। वे उसी सरकार और मंत्रिमंडल का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं जिसके कार्यकाल में यह अपमान हुआ है। ऐसे में नैतिक रूप से उस पाप के बराबर के भागीदार ब्रजेश पाठक खुद भी हैं।"
किसान नेता के इस प्रहार के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। सोशल मीडिया पर भी यह बयान तेजी से वायरल हो रहा है, जहाँ जनता इसे सत्ता बनाम नैतिकता की लड़ाई के रूप में देख रही है। फिलहाल इस मामले पर सरकार या भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन रोहित कुमार कनौजिया के इस रुख ने सरकार को बैकफुट पर धकेल दिया है।
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